लाइव पलामू न्यूज: ‘ब्लैक फ्राइडे सेल’ यह नाम तो आप अक्सर सुनते आ रहे होंगे। इस दौरान कई शॉपिंग साइट्स अपने ग्राहकों को अंधाधुंध ऑफर पेश करती हैं। जिससे लोगों को काफी फायदा भी होता है। आखिर आपको भी तो यह जिज्ञासा होती ही होगी कि आखिर यह ‘ब्लैक फ्राइडे’ है क्या और क्यों इतनी छूट मिलती है। चलिए जानते हैं यह शब्द आखिर आया कहां से और क्या है इसका इतिहास। दरअसल, संयुक्त राज्य अमेरिका में थैंक्सगिविंग डे के बाद का दिन होता है ब्लैक फ्राइडे। यह नवंबर के चौथे गुरुवार को पड़ता है। जिसे अक्सर क्रिसमस खरीदारी के मौसम की शुरुआत भी माना जाता है।
ब्लैक फ्राइडे पर कई खुदरा विक्रेता महत्वपूर्ण छूट और प्रचार भी प्रदान करते हैं। ब्लैक फ्राइडे की शुरुआत संयुक्त राज्य अमेरिका में हुई थी। जिसे अब पूरी दुनिया भर में मनाया जाने लगा। इस दिन दुकानें बहुत जल्दी खुलती हैं, कभी-कभी तो रात के बीच या थैंक्सगिविंग के दिन से ही दुकानें ओपेन रहने लगती है। वहीं ‘ब्लैक फ्राइडे’ के साथ ही कई मिथक भी जुड़ गए हैं।
कुछ लोगों के अनुसार, इस दिन का नाम इसलिए है, क्योंकि रिटेल दुकानदारों को इस दिन बहुत अच्छी बिक्री होती है और उन्हें कुछ नुकसानों का सामना नहीं करना पड़ता। साल 1985 में पूरे अमेरिका में ब्लैक फ्राइडे बहुत लोकप्रिय हो गया था। वहीं 2013 के बाद से ब्लैक फ्राइडे को दुनिया भर में मनाया जाने लगा.अमेरिका के लिए यह सबसे बड़ा शॉपिंग इवेंट माना जाता है। लेकिन अब दुनिया भर में ब्लैक फ्राइडे को मनाया जाने लगा है और अमेरिका समेत दुनिया भर में रिटेलर्स इस दिन खरीदारी पर भारी छूट देते हैं।
इतिहास:-
इस नाम का संबंध फिलाडेल्फिया पुलिस से है। दरअसल, 1950 के दशक में फिलाडेल्फिया में पुलिस ने थैंक्सगिविंग के बाद के दिन की अराजकता को बयान करने के लिए ‘ब्लैक फ्राइडे’ शब्द का इस्तेमाल किया था। उस समय सैकड़ों पर्यटक फुटबॉल मैच देखने के लिए शहर में आते थे, जिससे पुलिस को कई समस्याएं होती थीं। उसी समय शहर के कई रिटेलर्स ने भी अपने स्टोर के बाहर लंबी कतारें देखीं थीं, जिससे इस शब्द का इस्तेमाल हुआ था।
शुरुआत में वित्तीय संकट के लिए ब्लैक फ्राइडे शब्द का इस्तेमाल किया गया था। इसका सेल्स या शॉपिंग से कोई लेना-देना नहीं था। वॉल स्ट्रीट के दो बड़े फाइनैंसर्स थे जिम फिस्क और जे गोल्ड। उन दोनों ने मिलकर बड़ी मात्रा में सोना खरीदा। उनको उम्मीद थी कि कीमत काफी बढ़ेगी जिससे उनको जबरदस्त फायदा होगा। लेकिन 24 सितंबर, 1869 को शुक्रवार यानी फ्राइडे वाले दिन अमेरिकी गोल्ड मार्केट धाराशयी हो गई। जिससे फिस्क और गोल्ड दिवालिया हो गए।
वहीं साल 1961 में कई व्यापारियों ने इसे “बिग फ्राइडे” का नाम देने का भी प्रयास किया था, लेकिन ऐसा कभी हो नहीं सका।
