गढ़वा : शुक्रवार को समाहरणालय सभागार में उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी दिनेश कुमार यादव की अध्यक्षता में जनता दरबार का आयोजन किया गया। जहां जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए आम नागरिकों ने अपनी समस्याओं को उनके समक्ष रखा। जनता की बातों को गंभीरता से सुनते हुए उपायुक्त ने मौके पर ही संबंधित विभागों के पदाधिकारियों को आवेदनों की प्रति को अग्रसारित करते हुए त्वरित एवं निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

कई मामलों में वहीं पर समाधान की दिशा में आवश्यक कदम भी उठाए गए। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनहित से जुड़ी शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर निपटारा किया जाए, जिससे आम लोगों को राहत मिल सके। उन्होंने यह भी कहा कि जिला प्रशासन आमजन की समस्याओं के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है, और इसी उद्देश्य से नियमित रूप से जनता दरबार का आयोजन किया जा रहा है।
आज के जनता दरबार में मेराल प्रखंड के मेराल गांव निवासी प्रभुनाथ साव ने पैक्स में बिक्री किए गए अपने धान की राशि का भुगतान करने के संबंध में आवेदन समर्पित किया है। वहीं धुरकी प्रखंड के भूमफोर निवासी सुगंधा ने आवेदन समर्पित करते हुए प्रधानमंत्री आवास की सूची में नाम होने के बावजूद भी आवास का लाभ नहीं मिलने की शिकायत की है। मेराल प्रखंड के दुलदुलवा निवासी राघव पाल ने सड़क पर बने डायवर्सन की मिट्टी (मलबा) उनके खेत में डालने के उपरांत मलबा नहीं हटाने की शिकायत की है।
उन्होंने बताया कि पचपड़वा से नामधारी कॉलेज तक बन रहे सड़क के कारण उनके खेत में डायवर्सन का मलबा जमा कर दिया गया है, जो की काफी समय से है और अभी तक नहीं हटाया गया है। मलबा हटाने के लिए उन्होंने कार्यपालक अभियंता पथ निर्माण विभाग गढ़वा को आवेदन भी समर्पित किया है परंतु कोई कार्रवाई नहीं हुई है।
भवनाथपुर प्रखंड के रपूरा निवासी लालमनी सिंह ने आवेदन देकर अपने भूमि पर बाजबरदस्ती दबंगो द्वारा अतिक्रमण करने की शिकायत की है। उन्होंने बताया कि कुल 15 डिसमिल जमीन की बिक्री उन्होंने ओम प्रकाश साव, महेश साव एवं रामचंद्र साव से की है। जिस पर खरीदार द्वारा अपना दखल कब्जा भी कर लिया गया है। परंतु उपरोक्त खरीदारों द्वारा अपने क्रय किए गए भूमि के अतिरिक्त मेरे भाई अरविंद कुमार सिंह के भूमि पर भी अवैध रूप से कब्जा करने का कार्य किया जा रहा है एवं विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी जा रही है।
इस संबंध में उन्होंने अनुमंडल पदाधिकारी नगर उंटारी को आवेदन भी दिया, जिस पर कार्रवाई करते हुए संबंधित अंचल अधिकारी को अवैध कब्जा हटाने का निदेश दिया गया, जिसका अनुपालन अभी तक नहीं किया गया है। उन्होंने बताया कि उपरोक्त सभी खरीदार आपराधिक गतिविधि में सक्रिय है तथा दबंग प्रवृत्ति के हैं जिससे उन्हें जानमाल की क्षति हो सकती है।